
मोगा :एस.एफ.सी. ग्रुप के सी.एम.डी. श्री आभीशेक जिंदल ने एस.एफ.सी. ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस, धर्मकोट रोड, मोगा के दौरे के दौरान राष्ट्रीय महिला आयोग (एन.सी.डब्ल्यू.) की अध्यक्षा श्रीमती विजया राहटकर को एक मांग पत्र सौंपा।
इस अवसर पर श्रीमती राहटकर ने “मादक पदार्थों के दुरुपयोग का संकट: महिलाओं पर पड़ने वाले बोझ का अनावरण” विषय पर आयोजित एक जागरूकता व्याख्यान को संबोधित किया। उन्होंने समाज पर नशे के दूरगामी दुष्प्रभावों, विशेष रूप से महिलाओं और परिवारों पर इसके गंभीर प्रभावों पर प्रकाश डाला।
अपने मांग पत्र के माध्यम से श्री जिंदल ने विशेष रूप से पंजाब के मालवा क्षेत्र में नशे से प्रभावित परिवारों के समक्ष आने वाली चुनौतियों की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि जहाँ एक ओर नशा रोकथाम और नशाग्रस्त व्यक्तियों के पुनर्वास के लिए व्यापक प्रयास किए जा रहे हैं, वहीं नशे अथवा ओवरडोज़ के कारण प्रभावित या अपने परिजनों को खो चुके परिवारों की महिलाओं के पुनर्वास तथा उनके सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तिकरण पर भी विशेष ध्यान दिया जाना आवश्यक है।
मांग पत्र में राष्ट्रीय महिला आयोग से आग्रह किया गया कि नशा प्रभावित परिवारों की पत्नियों एवं महिलाओं के लिए आजीविका के अवसर, कौशल विकास, शिक्षा सहायता तथा पुनर्वास संबंधी योजनाओं और नीतिगत पहलों पर विचार किया जाए, ताकि वे सम्मानपूर्वक एवं आत्मनिर्भर जीवन व्यतीत कर सकें तथा अपने बच्चों के बेहतर भविष्य का निर्माण कर सकें।
श्रीमती राहटकर ने महिलाओं के कल्याण के प्रति व्यक्त की गई इस चिंता की सराहना की तथा मादक पदार्थों के दुरुपयोग के सामाजिक पहलुओं से सामूहिक प्रयासों के माध्यम से निपटने की आवश्यकता पर बल दिया। इस कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथियों, शिक्षाविदों, विद्यार्थियों तथा एस.एफ.सी. ग्रुप के सदस्यों की गरिमामयी उपस्थिति रही।











